
आखिर कौन,और क्यों,क्या जानभूझकर बढ़ा रहा है कोई आबादी
मुस्लिम आबादी का स्तर बढ़ा, भारत बनेगा मुस्लिम राष्ट्र-RSS
हिन्दू-मुस्लिम आबादी पर सियासत तेज,नफ़रतीय एजेंडा जारी
आरएसएस चिंतित,संसद पर खतरा,ममता,राहुल सबको घसीटा
आज जनसंख्या दिवस है ऐसे में बहस फिर शुरू हो गई कि देश की आबादी कौन बढ़ा रहा है क्या कोई जानबूझकर जनसंख्या बढ़ा रहा
है कहीं ज्यादा बच्चों के पीछे कोई खास किस्म के इरादे तो नहीं है जनसंख्या दिवस से पहले आरएसएस ने डिबेट शुरू की मुखपत्र ऑर्गेनाइजर में यह मुद्दा उठाया गया वर्ल्ड पॉपुलेशन डे डीलिंग विद द डेमोग्राफिक डिलेमा नाम से लंबा चौड़ा आर्टिकल लिखा गया
और कहा गया की करते हुए लिखा गया कि बदलती डेमोग्राफी से भविष्य में कई शाहीन बाग दिखाई दे सकते हैं देश में हिंदू मुस्लिम आबादी के असंतुलन का आखिरी आंकड़ा साल 2011 की जनगणना में आया था आबादी पर बहस 2024 के चुनाव में छिड़ी थी
वहीँ rss ने बढ़ती आबादी पर चिंता जाहिर की है ख़ास तोर पर कुछ सीमाओं पर राज्यों में बढ़ती मुस्लिम आबादी पर rss ने मुखपत्र ऑर्गेनाइजर जारी कर चिंता जतायी है, और कहा की देश की संसदीय परसीमन के लिए ये ठीक नहीं है. विकास के लिए ठीक नहीं है. लेकिन अब जब बात मुस्लिम आबादी की निकली है तो सियासी गलियारों में ये घमाशान छिड़ गया है बीजेपी इसे साजिस देख रही है तो कांग्रेस इसे बीजेपी का नफ़रतीय एजेंडा देख रही है,
आपको बता दें की जनशंकया दिवस से ठीक पहले देश में बड़ी महाभारत छिड़ गयी है इस महाभारत की शुरुआत हुई rss के मुखपत्र से आरएसएस ने पत्रिका में लिखा की कुछ ख़ास हिस्सों में मुस्लिम आबादी अत्यधिक वृद्धि हो रही है,
उसमे कहा गया की राष्ट्रीय स्तर पर जनसंख्या स्थिर होने के बावजूद ये सभी धर्मों पर सभी छेत्रों में सामान नहीं है सीमावर्ती छेत्रों में मुस्लिम आबादी तेजी स बढ़ रही है वही इस पर राष्ट्रिय जनशंकया नीति की आवस्यकता है ,,ताकि जन्शंख्या सामान्य तोर पर नियंत्रित हो सके
लेख में लिखा गया की मूल आबादी बदली तो जनगड़ना से संसद में कुछ सीटें हरने का भी खतरा है मुस्लिम आबादी के बढ़ते हुए स्टार को घुसपैठ की भी एक बड़ी वजह बताया गया
जैसे ही हिन्दू मुस्लमान हुआ वैसे ही शियासत सातवें आसमान पर पहुंच गयी बीजेपी ने कहीं न कहीं इसके जरिये विपक्ष की कई तुस्टीकरण पालिसी पर निशाना साधा तो वहीँ विपक्ष ने भी कमान संभल ली
अब बंगाल ,असम, उत्तराखंड पर खास तोर पर जोर दिया गया अब हम आपको बताएंगे की क्या वाकई बॉर्डर एरियाज में मुस्लिम आबादी बढ़ रही है, या फिर ये सिर्फ कोई एजेंडा है पहले सवाल ये की आखिर rss ने ये मुद्दा क्यों उठाया है
बिहार , बंगाल को लेकर निशाना क्यों साधा
मुस्लिम आबादी को खतरा क्यों बताया गया
तो इसके पीछे बड़ा कारण आज जनसंख्या दिवस है दूसरा बिहार और बंगाल में बीजेपी लगातार तुस्टीकरण के आरोप लगा रही है,और तीसरा बढ़ती जनसंख्या भविष्य में परसीमन को प्रभावित कर सकती है और इसमें आगरा हिन्दू घटे तो बीजेपी हट सकती है
अब सवाल ये भी उठता है की जनसंख्या वृद्धि हिन्दू मुसलमान का तड़का लगाने पर मुस्लिम समाज क्या सोचता है,,
हालाँकि पत्रिका में समुच्य देश की घातक परिणामों का जिक्र किया गया है तो वहीँ वर्ग विशेष की जनसंख्या बढ़ने का दुष्प्रभावों का भी जिक्र किया गया
इसी बहाने ममता से लेकर राहुल पर तुस्टीकरण के तीर भी चलाये गए
मगर मुद्दा ये की हर बार सवाल उठाये जाते हैं लेकिन नीतियां वहीँ की वहीँ धरी की धरी रह जाती है,, जहाँ से उन्हें हर बार निकला जाता है,लेकिन समाधान सत्ता में बैठी सरकारों के पास ,देश में जनसंख्या नियंत्रण कानून लागू हो, बाहर से घुस रहे घुसपैठियों को खदेड़ कर बाहर किया जाए,















